मेरी हर धड़कन भारत के लिए है...

Friday, 2 April 2010

सैनिकों को सम्मान मिले...

सर्वोच्च न्यायालय ने सैनिक कार्यों में लगे सैनिकों के दुर्घटना में अपंग होने पर केंद्र सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि उन्हें पूरा सम्मान दिया जाये. सैनिकों के साथ "भिखारियों" जैसा व्यवहार न किया जाये क्योंकि उन्होंने देश लिए अपने कर्त्तव्य का निर्वहन करते हुए यह चोटें पाई हैं. सी एस सिद्धू के मामले में न्यायमूर्ति द्वय मार्कंडेय काटजू और ए के पटनायक ने केंद्र सरकार को फटकार लगाते हुए कहा है कि जितने पैसे वह पूरे महीने के लिए सिद्धू को देने जा रही है उतने पैसे तो दिल्ली में बैठा भिखारी एक दिन में ही कमा लेता है. सरकार को निर्देश देते हुए कहा गया है कि इन अपंग हुए सैनिकों को मानवीय आधार पर भुगतान किया जाये. सेना अपने अधिकारियों के खिलाफ़ कैसे इस तरह का व्यवहार कर सकती है ? बेंच ने मौखिक रूप से कहा कि क्या सेना के बहादुर जवानों के साथ सरकार का यही व्यवहार होना चाहिए ?
आज जब सेना में अधिकारियों जवानों की कमी का रोना रोया जाता है तो उसका कारण भी सामने आया ही जा रहा है. जब अपना सब कुछ छोड़कर सीमा पर विषम परिस्थितियों में काम करने का फल ऐसा मिलने लगे तो भला क्यों नौजवान सेना में जाना चाहेंगें ? सरकार केवल लोकसभा में आंकड़े प्रस्तुत करके ही अपने काम को पूरा समझ लेती है. अच्छा है कि वर्तमान में सरकार कुछ कामों में मानवीय आधार पर भी सोच रही है तो ऐसे में उससे यह आशा तो की ही जा सकती है कि वह अपने पुराने निर्णयों को पलटते हुए शांति काल में भी सैनिक कार्यों में लगे हुए सैनिकों के दुर्घटना ग्रस्त होने पर सम्मान पूर्वक जीने का हक़ तो देगी ही ? देश में कुछ नियम अंग्रेजों के समय से ही चले आ रहे हैं जो कि उन्होंने अपनी सुविधा के लिए बनाये थे पर आज देश हमारा है और सेना में हमारे लिए हमारे जवान लड़ते हैं तो फिर उन्हें पूरा सम्मान देने में आखिर क्या बाधा है ? आज देश की सेना पर पूरी दुनिया को भरोसा है पर क्या उन सैनिकों का भरोसा जीतने के लिए सरकार तैयार है ?
अच्छा हो कि अब इस तरह के कानूनों से जल्दी ही पीछा छुड़ा कर हमारे बहादुर सैनिकों को पूरा सम्मान दिया जाये जिससे सेना में जाने के लिए युवक लालायित रहें और सेना को अधिकारियों जवानों को कमी न रहे...    

मेरी हर धड़कन भारत के लिए है...

2 comments:

  1. सैनिकों को पूरा सम्मान और अधिकार दिया जाना चाहिए ...इसमें क्या शक है ...!!

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  2. सैनिकों को पूरा सम्मान और अधिकार दिया जाना चाहिए ...इसमें क्या शक है ...!!

    bilkul sahi kaha hai vani geet ji ne

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